कानपुर: भाजपा(BJP) के नेता और उसके समर्थको ने पुलिस पर हमला कर हिस्ट्रीशीटर को छुड़ा ले गए

कानपुर:- एक तरफ जहां उत्तर प्रदेश के मुखिया योगी आदित्यनाथ हिस्ट्रीशीटरों की कमर तोड़ने के लिए पुलिस को खुली छूट दे चुके हैं, वहीं दूसरी तरफ उत्तर प्रदेश के कानपुर जिले में उनके ही पार्टी के कार्यकर्ता सीएम के आदेशों की धज्जियां उड़ा रहे हैं।ताजा मामला है कानपुर के नौबस्ता थाना क्षेत्र के उस्मानपुर का है, जहां भाजपा दक्षिण जिला मंत्री नारायण सिंह भदौरिया की जन्मदिन पार्टी में हिस्ट्रीशीटर और हत्या के प्रयास में वांछित मनोज सिंह के शामिल होने की सूचना पर उसे पकडने पहुंची पुलिस प्रशासन से भाजपा नेता और उसके समर्थको में धक्का-मुक्की शुरू हो गई।सबसे बड़ी बात तो ये रही कि जब पुलिस ने हिस्ट्रीशीटर को हिरासत में लेकर जीप में बैठा लिया तब भाजपाइयों ने हिस्ट्रीशीटर को पुलिस की गिरफ्त से छुड़ा कर भगा दिया और पुलिस मूकदर्शक बनकर देखती रह गई।

पूरा घटना क्रम नौबस्ता थाना क्षेत्र के उस्मानपुर में भाजपा दक्षिण जिला मंत्री नारायण सिंह भदौरिया है, जिसका जन्मदिन एक निजी गेस्टहाउस में मनाया जा रहा था. जन्मदिन के कार्यक्रम में शहर के विभिन्न थानों में गंभीर धाराओ में वांछित अपराधी मनोज सिंह भी पहुंचा था. इसकी सूचना पुलिस को लगी थी. पुलिस की टीम भाजपा नेता के कार्यक्रम में पहुंची और वहां से हत्या के प्रयास में वांछित चल रहे हिस्ट्रीशीटर को गिरफ्तार का अपने साथ ले जाने लगी. इसकी सूचना जैसे ही नारायण भदौरिया को लगी तो वो अपने सामर्थको के साथ पहुंचा और पुलिस की जीप को चारों ओर से घेर लिया और हिस्ट्रीशीटर को छोड़ने की बात करने लगे। पुलिस ने जब उसे छोड़ने से मना कर दिया तो भाजपा नेता और उसके समर्थक भड़क गए और पुलिस से झड़प पर उतारू हो गए। इसी बीच कुछ लोगो ने जीप में बैठे हिस्ट्रीशीटर को कानून को ताक पर रखते हुए जीप से उतार कर हिस्ट्रीशीटर को भगा दिया. इस दौरान पुलिस भाजपा नेताओं के सामने पूरी तरह से बेबस नजर आई।हिस्ट्रीशीटर मनोज सिंह पर हत्या, हत्या के प्रयास, लूट, बलात्कार जैसी गंभीर धाराओ में मुकदमे दर्ज हैं। ह

िस्ट्रीशीटर को भगाने वाले भाजपा दक्षिण जिला मंत्री नारायण भदौरिया का भी आपराधिक इतिहास है. नारायण पर धारा 307,308 जैसी गंभीर मामलों में मुकदमे दर्ज हैं।इस पूरे घटना पर पुलिस अधिकारी एडीसीपी दक्षिण बसंतलाल ने बताया कि हिस्ट्रीशीटर को पुलिस पकड़ने पहुची थी जिसे कुछ लोगों ने पुलिस की गिरफ्त से भगा दिया है. मामला संज्ञान में आया है. घटना करने वालो पर मुकदमा दर्ज कर टीम बनाकर लगा दी गई है. जल्द ही कार्रवाई की जाएगी।

रिपोर्ट विनय मिश्रा

संपादक के बारे में

कानपुर:- एक तरफ जहां उत्तर प्रदेश के मुखिया योगी आदित्यनाथ हिस्ट्रीशीटरों की कमर तोड़ने के लिए पुलिस को खुली छूट दे चुके हैं, वहीं दूसरी तरफ उत्तर प्रदेश के कानपुर जिले में उनके ही पार्टी के कार्यकर्ता सीएम के आदेशों की धज्जियां उड़ा रहे हैं।ताजा मामला है कानपुर के नौबस्ता थाना क्षेत्र के उस्मानपुर का है, जहां भाजपा दक्षिण जिला मंत्री नारायण सिंह भदौरिया की जन्मदिन पार्टी में हिस्ट्रीशीटर और हत्या के प्रयास में वांछित मनोज सिंह के शामिल होने की सूचना पर उसे पकडने पहुंची पुलिस प्रशासन से भाजपा नेता और उसके समर्थको में धक्का-मुक्की शुरू हो गई।सबसे बड़ी बात तो ये रही कि जब पुलिस ने हिस्ट्रीशीटर को हिरासत में लेकर जीप में बैठा लिया तब भाजपाइयों ने हिस्ट्रीशीटर को पुलिस की गिरफ्त से छुड़ा कर भगा दिया और पुलिस मूकदर्शक बनकर देखती रह गई।

पूरा घटना क्रम नौबस्ता थाना क्षेत्र के उस्मानपुर में भाजपा दक्षिण जिला मंत्री नारायण सिंह भदौरिया है, जिसका जन्मदिन एक निजी गेस्टहाउस में मनाया जा रहा था. जन्मदिन के कार्यक्रम में शहर के विभिन्न थानों में गंभीर धाराओ में वांछित अपराधी मनोज सिंह भी पहुंचा था. इसकी सूचना पुलिस को लगी थी. पुलिस की टीम भाजपा नेता के कार्यक्रम में पहुंची और वहां से हत्या के प्रयास में वांछित चल रहे हिस्ट्रीशीटर को गिरफ्तार का अपने साथ ले जाने लगी. इसकी सूचना जैसे ही नारायण भदौरिया को लगी तो वो अपने सामर्थको के साथ पहुंचा और पुलिस की जीप को चारों ओर से घेर लिया और हिस्ट्रीशीटर को छोड़ने की बात करने लगे। पुलिस ने जब उसे छोड़ने से मना कर दिया तो भाजपा नेता और उसके समर्थक भड़क गए और पुलिस से झड़प पर उतारू हो गए। इसी बीच कुछ लोगो ने जीप में बैठे हिस्ट्रीशीटर को कानून को ताक पर रखते हुए जीप से उतार कर हिस्ट्रीशीटर को भगा दिया. इस दौरान पुलिस भाजपा नेताओं के सामने पूरी तरह से बेबस नजर आई।हिस्ट्रीशीटर मनोज सिंह पर हत्या, हत्या के प्रयास, लूट, बलात्कार जैसी गंभीर धाराओ में मुकदमे दर्ज हैं। ह

िस्ट्रीशीटर को भगाने वाले भाजपा दक्षिण जिला मंत्री नारायण भदौरिया का भी आपराधिक इतिहास है. नारायण पर धारा 307,308 जैसी गंभीर मामलों में मुकदमे दर्ज हैं।इस पूरे घटना पर पुलिस अधिकारी एडीसीपी दक्षिण बसंतलाल ने बताया कि हिस्ट्रीशीटर को पुलिस पकड़ने पहुची थी जिसे कुछ लोगों ने पुलिस की गिरफ्त से भगा दिया है. मामला संज्ञान में आया है. घटना करने वालो पर मुकदमा दर्ज कर टीम बनाकर लगा दी गई है. जल्द ही कार्रवाई की जाएगी।

रिपोर्ट विनय मिश्रा

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