नीट की परीक्षा में जिले के लाल ने मारी बाजी।
▪️प्रियांशु ने पाई 2511वीं आल इंडिया रैंक।
▪️कोटा में तीन साल से ज्यादा की नीट की परीक्षा की तैयारी।
जनपद के साधारण परिवार के एक मेधावी ने अपनी मेहनत और लगन के बल पर नीट की परीक्षा में सफलता प्राप्त की।जनपद क्षेत्र के अमौली विकासखंड क्षेत्र के खैराबाद गांव के एक गरीब किसान परिवार से आने वाले प्रियांशु सचान ने नीट की परीक्षा में आल इंडिया 2511 वीं रैंक पाकर अपनी जगह बनाई।
शुक्रवार को शाम के वक्त नीट का परीक्षा परिणाम आते ही मेधावियों में खुशी की लहर दौड़ गई। जैसे ही प्रियांशु के रिश्तेदारों को नीट में पास होने की जानकारी लगी वैसे ही घर पर बधाई देने के लिए आने वाले लोगों की होड़ लग गई। शुभचिंतको ने घर पहुंचकर मेधावी छात्र और उनके परिजनों को बधाई दी।प्रियांशु के पिता जगनायक सचान ने भावुक होकर बताया की वह एक किसान परिवार से आते हैं। स्वर्गीय पिता श्री महावीर सचान अपने गांव खैराबाद में रहकर किसानी का काम किया करते थे।उन्होंने खेती किसानी करते हुए उन्हें शिक्षा के प्रति प्रेरित किया जिसके बाद जगनायक सचान शिक्षा प्राप्त कर एक कुशल अधिवक्ता बन सके।जिन्होंने अपने बेटे को फतेहपुर शहर में रहकर पढ़ाया।बेटा प्रियांशु सचान ने अपनी इंटर तक की शिक्षा शहर के प्रसिद्ध चिल्ड्रेन पब्लिक स्कूल से प्राप्त की।इसके उपरांत स्नातक स्तर की शिक्षा प्राप्त करने के लिए वह कोटा में रहकर पढ़ाई करने लगे जहां तीन साल तक शिक्षा प्राप्त करके उन्होंने नीट की परीक्षा के लिए आवेदन किया और पहली बार मे ही उन्होंने नीट की परीक्षा को निकाल लिया।परीक्षा पास करते ही परिजनों में खुशी का ठिकाना नहीं रहा। प्रियांशु के पिता जननायक सचान व माता योगेश कुमारी (गुड़िया देवी) अपनी खुशी को लोगों में मिठाई बांटकर जाहिर कर रही हैं। इंडिपेंडेंट इंडिया से बात करते हुए मेधावी छात्र प्रियांशु ने बताया कि नीट परीक्षा में पास होने पर जो सफलता प्राप्त हुई है। इसका पूरा श्रेय मेरे माता-पिता और गुरुजनों को जाता है जिन्होंने मुझे लगन और कड़ी मेहनत में संपूर्ण सहयोग किया है। उन्होंने कहा कि इस सफलता को पाने के लिए उनको प्रतिदिन 7 से 8 घंटे की मेहनत करनी पड़ी है। प्रियांशु ने बताया कि उन्होंने अपनी प्राथमिक शिक्षा फतेहपुर के ही एक विद्यालय से पूरी की है इसके बाद उन्होंने कोटा में रहकर नीट परीक्षा के लिए तीन साल तक तैयारी की है। उन्होंने कहा कि नीट परीक्षा करने के बाद वह चिकित्सा क्षेत्र में जाकर चिकित्सक के रूप में देश की सेवा करना चाहते हैं।

