युवा गौ रक्षा वाहिनी के प्रदेश प्रभारी के निरीक्षण के समय जीवित गौवंश को कुत्ते बना रहे थे अपना निवाला

फतेहपुर :- जानकारी के अनुसार उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उत्तर प्रदेश के समस्त जनपद में गौशाला बनाकर आवारा गायों को गौशाला में रखकर उनकी देखरेख करने का आदेश पारित किया था उनका आदेश उत्तर प्रदेश के समस्त जनपदों में पालन होता नजर आ रहा है परंतु गौशाला मैं गायों की किस प्रकार देखरेख होती है इसका जायजा लेने कोई भी नहीं पहुंचता और यदि जनपद के जिला अधिकारी व विधायक तथा सांसद गौशाला का निरीक्षण करने पहुंचते हैं तो उन्हें पहले से ही सूचित कर दिया जाता है कि गौशाला का निरीक्षण होने वाला है उसी समय गौशाला में वह सुविधा दिखाई जाती है जो मानो निरंतर गौशाला की गायों को दी जा रही है परंतु जमीनी हकीकत देखा जाए तो बीते दिन युवा गौ रक्षा वाहिनी के प्रदेश प्रभारी मोहम्मद सरताज ने लक्ष्मणपुर स्थित नंदी गौशाला का औचक निरीक्षण किया तो वहां का नजारा बद से बदतर था नंदी गौशाला की स्थिति ऐसी की दो जीवित गौवंश पड़े होने के बावजूद भी उनको गौवंश को कुत्ते नोचते हुए नजर आए वही गौशाला के मजदूरों ने बताया कि पिछले 3 दिनों से सारे गौवंश भूख प्यास से तड़प रहे थे क्योंकि गौवंशौ के लिए ना तो चारे की सुविधा है और ना ही भूसे की सुविधाएं वहीं मौजूदा प्रधान ने जब गौवंशौ की स्थिति देखी तो कहीं से परे का इंतजाम करके गौवंश को को पैरा खिलाया जा रहा है वही प्रदेश प्रभारी ने गौशाला के सेक्रेटरी ललित कुमार गौतम को मौके पर बुलाकर जीवित गौवंश जिन्हें कुत्ते अपना निवाला बना रहे थे यथा स्थित दिखाई और कड़ी फटकार लगाते हुए डॉक्टरी टीम को भी बुलाया वही डॉक्टरों ने गौवंश का उपचार तो किया परंतु जीवित गौवंश को कुत्तों ने अपना निवाला बनाते समय आमरण अनशन पर पहुंचा दिया था और दोनों गौवंश ने अपना दम तोड़ दिया हैरत की बात तो यह है कि गौशाला में मिलने वाली सुविधा आखिर कहां जाती है जब दिनदहाड़े जीवित गौवंश को आवारा कुत्ते अपना निवाला बनाएंगे तो फिर उत्तर प्रदेश की योगी सरकार का सपना कैसे साकार हो सकता है वही एक विचित्र कहानी और देखने को मिली की गौशाला के अंदर गौवंश की मृत्यु होने के पहले ही कई गड्ढे खोदकर रखे गए और विश्वस्त सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार जानकारों ने अपना नाम गुप्त रखने के साथ बताया कि कई बार तो जीवित गौवंश को भी इन गड्ढों में दफन कर दिया गया है अब सोचने वाली बात यह है कि जनपद में 6 विधायक एक सांसद तीन मंत्री होने के बावजूद यदि जनपद की गौशाला का यह हाल रहेगा तो फिर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सपनों को कैसे साकार किया जा सकता है वही प्रदेश प्रभारी ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री को लिखित पत्र देते हुए वर्तमान प्रधान व वर्तमान सेक्रेटरी के ऊपर गौ हत्या का मामला दर्ज करने की शिकायत की है।
वी के द्विवेदी ब्यूरो रिपोर्ट फतेहपुर

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