बलरामपुर:- जनपद में बाढ़ का कहर जारी है कहीं राप्ती नदी खतरे के निशान से तो कहीं पहाड़ी नाले चल रहे हैं उफान पे खबर है जनपद बलरामपुर के विधानसभा गैसड़ी के अंतर्गत विकासखंड गैसड़ी मे जहां पर पहाड़ी नाले कटहवा पतरहवा नाला भाबर नाला एवं चित्तौड़गढ़ बांध सहित भगवानपुर बांध का पानी बनकर टूटा लोगों पर कहर मूसलाधार बारिश की वजह से सभी नालों में बाढ़ आ गया।
जिससे नाली के आसपास के गांव जहांदरीया, जमुरिया, कल्लू डिहवा, मनकिया, चौकिया बेनी नगर, भोजपुर, मौलाडीह, सरदारडीह, रूपसिंहडीह, लालपुर, सहित ऐसे सैकड़ों गांव है जो नाले के उफान से इन सभी गांवों में पानी भर चुका है। एक तरह से बाढ़ प्रभावित क्षेत्र पूरा जलमग्न हो चुका है। यहां के लोगों में काफी आक्रोश देखने को मिलता है। बाढ़ की वजह से यहां के लोगों को रहने खाने पीने में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
जब हमने यहां के लोगों से बात की तो जमाल ख़ान पुत्र कलामुद्दीन निवासी जहांदरिया ने बताया कि बाढ़ की पानी की वजह से हमारे पोखरे से लाखों की मछलियां बह गई। वहीं पर एक सलमान पोल्ट्री फार्म हैं, जिसमें चारों तरफ पानी भर जाने से हजारों मुर्गे की जान खतरे में है। इस समय अगर कोई व्यक्ति बीमार हो जाए तो बाढ़ के पानी की वजह से इलाज कराने के लिए हॉस्पिटल जाने में भी दिक्कतें होती हैं। बाढ़ की वजह से किसानों की खड़ी फसल भी नष्ट हो चुकी है। ऐसे में शासन और प्रशासन को देखना चाहिए और हर संभव मदद करना चाहिए।
जिससे नाली के आसपास के गांव जहांदरीया, जमुरिया, कल्लू डिहवा, मनकिया, चौकिया बेनी नगर, भोजपुर, मौलाडीह, सरदारडीह, रूपसिंहडीह, लालपुर, सहित ऐसे सैकड़ों गांव है जो नाले के उफान से इन सभी गांवों में पानी भर चुका है। एक तरह से बाढ़ प्रभावित क्षेत्र पूरा जलमग्न हो चुका है। यहां के लोगों में काफी आक्रोश देखने को मिलता है। बाढ़ की वजह से यहां के लोगों को रहने खाने पीने में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
जब हमने यहां के लोगों से बात की तो जमाल ख़ान पुत्र कलामुद्दीन निवासी जहांदरिया ने बताया कि बाढ़ की पानी की वजह से हमारे पोखरे से लाखों की मछलियां बह गई। वहीं पर एक सलमान पोल्ट्री फार्म हैं, जिसमें चारों तरफ पानी भर जाने से हजारों मुर्गे की जान खतरे में है। इस समय अगर कोई व्यक्ति बीमार हो जाए तो बाढ़ के पानी की वजह से इलाज कराने के लिए हॉस्पिटल जाने में भी दिक्कतें होती हैं। बाढ़ की वजह से किसानों की खड़ी फसल भी नष्ट हो चुकी है। ऐसे में शासन और प्रशासन को देखना चाहिए और हर संभव मदद करना चाहिए।
रिपोर्ट विनय कुमार वर्मा, संवाददाता

