Fatehpur News: बिना पंजीयन के संचालित हो रहा है राधा नगर क्षेत्र में एक चर्चित नर्सिंग होम

फतेहपुर:- सदर कोतवाली क्षेत्र के राधा नगर स्थित जे ,एस ,चैरिटेबल नर्सिंग होम इन दिनों चर्चा का विषय बना हुआ है। वहीं विश्व सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार कहने को तो यह नर्सिंग होम है ।परंतु यहां पर गर्भवती महिलाओं के बच्चों का एबॉर्शन किया जाता है और हॉस्पिटल संचालक जितेंद्रसरोज की जीवन कथा ही कुछ अटपटी है। स्टूडेंट लाइफ में वह प्रताप गढ़ क्षेत्र में रहकर पढ़ाई किया करते थे वही असोथर थाना क्षेत्र की एक गरीब परिवार की बेटी से उन्हें प्रेम हो गय

ा और उस बेटी का परिवार एक ईट भट्टा मालिक शंकर गढ़ में भट्टा में काम करता था उसी भट्टे पर बेटी भी रहती थी वहीं से  वह उसे लेकर रफू चक्कर हो गए कुछ दिन साथ रहने के बाद जब उन्होंने उसे छोड़ना चाहा तो पुत्री के परिवार वालों ने अशोथर थाने में जितेंद्रसरोज के विरुद्ध एनसीआर दर्ज कराई थी। एनसीआर दर्ज होने के बाद काफी दबाव बनाने के बाद जितेंद्र सरोज ने उसकी पुत्री को अपने साथ जीवन साथी बनाने को तैयार हुआ था।
 वही जे,एस ,चैरिटेबल नर्सिंग होम का संचालन विदाउट पंजीयन किया जा रहा था और आज भी राधा नगर क्षेत्र में यह नर्सिंग होम संचालित हो रहा है पिछले 6 वर्षों से यह नर्सिंग होम बिना पंजीयन बिना मानक के शहर में कई जगह स्थान बदल बदल कर संचालित किया जाता है और मरीज व उनके तीमारदारों को लूटने का काम बखूबी किया जाता है कहने को तो यह हॉस्पिटल है परंतु हॉस्पिटल के संचालक इन दिनों राजनीतिक व वकालत पर अपनी किस्मत आजमा रहे हैं

शायद खुल जा सिम सिम की तरीके उनकी किस्मत भी चमक जाए परंतु शायद उन्हें यह नहीं मालूम कि बुराई का रास्ता कुछ दिन का ही होता है हालांकि उन्होंने अपने एक राजनैतिक विधायक व उनके पुत्र के संरक्षण में इन दिनों आंगनबाड़ी में नौकरी लगवाने का जिम्मा उठा रखा है और सभी को अपने आप को हाईकोर्ट का अधिवक्ता भी बताते हैं परंतु उन्हें यह नहीं मालूम कि हाईकोर्ट का अधिवक्ता होने वाला व्यक्ति यदि कोई भी कार्य करेगा तो लीगली प्रोसेस पर ही कार्य करेगा इस तरीके फर्जी वाले  काम नहीं करेग

ा परंतु कहीं ना कहीं उन्हें राजनीतिक संरक्षण प्राप्त होने की वजह से ऐसे कामों को करने में उन्हें भय भी नहीं लगता वही सूत्रों की माने तो अभी 15 दिन पहले राधानगर चौकी से हॉस्पिटल संचालक का 151 में चालान किया गया है अब सोचने वाली बात यह है कि 151 में उसी व्यक्ति का चालान होता है जो शांति भंग करता है तो फिर इनका रवैया कैसा रहा होगा यदि इन्होंने शांति भंग की अवस्था उत्पन्न की होगी तभी इनका 151 में चालान हुआ होगा हालांकि बीती रात भी दारु के नशे में उन्होंने अपनी पत्नी से विवाद कर लिया

और पत्नी ने रात में जाकर राधा नगर चौकी में फरियाद लगाई है वही इनकी पत्नी राधा नगर चौकी पर फूट-फूट कर रोने लगी और बताया कि आए दिन वही नशे पर होने के बाद उसके साथ गाली गलौज करते हुए मारपीट करते हैं लव मैरिज होने के नाते सब कुछ सहन करती चली आ रही है क्योंकि वह एक गरीब परिवार से है! और सोचने वाली बात है नर्सिंग होम संचालन ने अपनी चार पहिया  गाड़ी नंबर DL4CAH9702 वाहन पर हाई कोर्ट लिखा कर अपने आप अधिवक्ता बता कर रूआब गाट रहे हैं
रिपोर्ट वी के द्विवेदी, ब्यूरो चीफ

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